NLEP के तहत स्वास्थ्य कर्मियों को कुष्ठ रोग की जांच, उपचार, रोकथाम और समय पर रेफरल की दी गई जानकारी
कोरबा, 12 सितंबर 2026। राष्ट्रीय कुष्ठ रोग उन्मूलन कार्यक्रम (NLEP) के अंतर्गत शनिवार को RHO (Rural Health Officer) के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का आयोजन मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एस. एन. केसरी के निर्देशानुसार तथा जिला कुष्ठ रोग अधिकारी (DTO) डॉ. बी. आर. रात्रे एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक पद्माकर शिंदे के मार्गदर्शन में किया गया।
प्रशिक्षण के दौरान राष्ट्रीय कुष्ठ रोग उन्मूलन कार्यक्रम से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर RHO को आवश्यक जानकारी एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। विशेष रूप से कुष्ठ रोग की प्रारंभिक पहचान, संदिग्ध मरीजों की जांच, उपचार, रोकथाम, समय पर रेफरल तथा कार्यक्रम के प्रभावी क्रियान्वयन से संबंधित बिंदुओं पर विस्तार से जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण स्तर पर कार्यरत स्वास्थ्य अधिकारियों की क्षमता को मजबूत करना तथा कुष्ठ रोग के संभावित मरीजों की समय पर पहचान और उपचार सुनिश्चित करना रहा। स्वास्थ्य विभाग की ओर से RHO को समुदाय में कुष्ठ रोग को लेकर जागरूकता बढ़ाने तथा संदिग्ध मामलों को तत्काल स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाने के लिए भी प्रेरित किया गया।
कार्यशाला के माध्यम से स्वास्थ्य कर्मियों को कुष्ठ रोग उन्मूलन के लक्ष्य को प्रभावी बनाने के लिए अपने क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभाने पर जोर दिया गया। अधिकारियों ने कहा कि समय पर पहचान और उपचार से कुष्ठ रोग को नियंत्रित करने के साथ-साथ दिव्यांगता की संभावना को भी कम किया जा सकता है।





