कोरबा, 30 सितंबर 2026। सेवा, सहयोग और जनभागीदारी की भावना को मजबूत करने के उद्देश्य से प्रदेशभर में चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान के तहत हसदेव ताप विद्युत गृह (एचटीपीएस), कोरबा पश्चिम में जल संरक्षण को लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान अधिकारियों एवं कर्मचारियों को जल संरक्षण और जल संवर्धन के विभिन्न उपायों की जानकारी दी गई।

एचटीपीएस के ओआरटी सभाकक्ष क्रमांक-1 में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य रसायनज्ञ देवेश दुबे ने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से जल संरक्षण की आवश्यकता और इसके व्यावहारिक उपायों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि पृथ्वी पर स्वच्छ जल सीमित मात्रा में उपलब्ध है और मानव जीवन के साथ-साथ सभी जीव-जंतुओं के अस्तित्व के लिए इसका संरक्षण बेहद जरूरी है।
उन्होंने बताया कि जल संरक्षण का अर्थ पानी का समझदारी और आवश्यकता के अनुसार उपयोग करना है। इसके लिए खुले नलों को तत्काल बंद करना, नलों में होने वाले रिसाव को समय पर ठीक कराना तथा बेहतर सिंचाई प्रणाली अपनाना आवश्यक है।
प्रेजेंटेशन के दौरान वर्षा जल संचयन, पौधरोपण, नदियों एवं आर्द्रभूमि का संरक्षण तथा प्रदूषित जलाशयों की सफाई जैसे उपायों की भी जानकारी दी गई। उन्होंने कहा कि जल स्रोतों के पुनरुद्धार के माध्यम से भूजल एवं सतही जल की उपलब्धता को बनाए रखने में मदद मिल सकती है।
देवेश दुबे ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों से जल संरक्षण को केवल अभियान तक सीमित न रखते हुए इसे दैनिक जीवन की आदत बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि इस अनमोल प्राकृतिक संसाधन की रक्षा के लिए प्रत्येक व्यक्ति की सहभागिता जरूरी है, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए पर्याप्त जल सुनिश्चित किया जा सके।
कार्यक्रम में अतिरिक्त मुख्य अभियंता एमके गुप्ता, आरके पांडे, एके शाह, केएनबी राव, एसके नायर, एससी पाठक, परियोजना प्रबंधक एसके पंड्या तथा वरिष्ठ मुख्य रसायनज्ञ एके कुरनाल सहित बड़ी संख्या में अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत एचटीपीएस कोरबा पश्चिम द्वारा सामाजिक सरोकार, पर्यावरण संरक्षण और जनहित से जुड़े विभिन्न कार्यों में सक्रिय सहभागिता की जा रही है।

