
रायगढ़। भूमि बिक्री के नाम पर 27 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने वाले आरोपी को पुसौर पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। आरोपी ने खुद को जमीन का मालिक बताकर फर्जी दस्तावेजों के जरिए पीड़ित को झांसे में लिया और लाखों रुपये ऐंठ लिए।
पुलिस के अनुसार, सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के ग्राम लिंजिर निवासी इंद्रजीत वर्मा ने थाना पुसौर में शिकायत दर्ज कराई थी कि ग्राम बघनपुर निवासी भीचरण पटेल, जो पंचायत सचिव के पद पर कार्यरत है, ने कोडातराई स्थित अपनी बताई गई भूमि बेचने का प्रस्ताव दिया था। वर्ष 2022 में दोनों के बीच 35 लाख रुपये में जमीन का सौदा तय हुआ, जिसमें इंद्रजीत वर्मा ने 27 लाख रुपये अग्रिम राशि के रूप में दे दिए।
आरोपी ने किसान किताब और अन्य दस्तावेज दिखाकर भरोसा दिलाया कि नामांतरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद रजिस्ट्री कर दी जाएगी। लेकिन लंबे समय तक टालमटोल करने के बाद जब पीड़ित ने तहसील कार्यालय में जानकारी जुटाई तो पता चला कि संबंधित भूमि आरोपी के नाम पर है ही नहीं, बल्कि किसी अन्य व्यक्ति के नाम दर्ज है।
मामला उजागर होने पर आरोपी ने रकम लौटाने के लिए 5 लाख रुपये का एक और 11-11 लाख रुपये के दो चेक दिए, लेकिन बैंक में प्रस्तुत किए जाने पर तीनों चेक बाउंस हो गए। इसके बाद भी आरोपी लगातार आश्वासन देता रहा और केवल 1 लाख रुपये ही वापस किया।
शिकायत की जांच में आरोप सही पाए जाने पर पुसौर पुलिस ने अपराध क्रमांक 159/2026 के तहत धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर आरोपी भीचरण पटेल (54 वर्ष) को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने कहा कि भूमि, संपत्ति और आर्थिक लेन-देन से जुड़े धोखाधड़ी के मामलों में रायगढ़ पुलिस सख्त कार्रवाई कर रही है। उन्होंने लोगों से किसी भी जमीन या संपत्ति के सौदे से पहले दस्तावेजों का पूरी तरह सत्यापन करने की अपील की है।
पुलिस कार्रवाई में थाना प्रभारी पुसौर निरीक्षक हर्षवर्धन सिंह बैस, उपनिरीक्षक कुंदन लाल गौर, प्रशिक्षु उपनिरीक्षक योगेश यादव, दिव्या बंजारे एवं थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
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