
छात्रों को साइबर, महिला और ट्रैफिक सुरक्षा का पढ़ाया गया पाठ



रायगढ़, 23 जुलाई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में सामुदायिक पुलिसिंग के तहत आत्मानंद इंग्लिश मीडियम स्कूल में साइबर सुरक्षा, महिला सुरक्षा और सड़क सुरक्षा पर व्यापक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व डीएसपी उन्नति ठाकुर ने किया, जिसमें छात्र-छात्राओं को ऑनलाइन ठगी, सोशल मीडिया के खतरे, महिला सुरक्षा, पॉक्सो कानून और सुरक्षित यातायात के नियमों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में महिला प्रधान आरक्षक रेनु मंडावी सिंह ने विद्यार्थियों को साइबर अपराधियों के नए-नए तरीकों से आगाह करते हुए सोशल मीडिया पर अनजान लोगों से दोस्ती, निजी फोटो-वीडियो साझा करने और ऑनलाइन लेन-देन में सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि थोड़ी सी सावधानी बड़े साइबर अपराधों से बचा सकती है।
महिला सुरक्षा सत्र में सहायक उप निरीक्षक सरस्वती महापात्रे ने छात्र-छात्राओं को ‘बेड टच’ और छेड़छाड़ जैसी घटनाओं को कभी न छिपाने की सलाह दी। उन्होंने अभिव्यक्ति ऐप, डायल-112, ‘हेलो सिस्टर’ हेल्पलाइन (9479270533) तथा पुलिस कंट्रोल रूम की जानकारी देते हुए बताया कि बिना थाने आए भी पुलिस से सहायता और परामर्श लिया जा सकता है। साथ ही पॉक्सो एक्ट और महिला-बाल संरक्षण से जुड़े कानूनी प्रावधानों की भी जानकारी दी गई।
यातायात प्रभारी निरीक्षक रोहित बंजारे और उप निरीक्षक संध्या कोका ने सड़क सुरक्षा नियमों की जानकारी देते हुए कहा कि 16 वर्ष से कम आयु के बच्चों का वाहन चलाना कानूनन प्रतिबंधित है। उन्होंने हेल्मेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने और नशे की हालत में वाहन नहीं चलाने का संदेश भी दिया।
डीएसपी उन्नति ठाकुर ने छात्राओं को आत्मविश्वास और आत्मरक्षा का महत्व बताते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की हिंसा, उत्पीड़न या अनुचित व्यवहार को सहन न करें और बिना डर पुलिस से संपर्क करें। उन्होंने कहा कि “पुलिस आपकी मित्र है और हर परिस्थिति में आपके साथ खड़ी है।”
कार्यक्रम में प्राचार्य राजेश डेनियल, शिक्षक-शिक्षिकाओं सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। विद्यार्थियों ने साइबर सुरक्षा, महिला सुरक्षा और ट्रैफिक नियमों से जुड़े सवाल पूछे, जिनका पुलिस अधिकारियों ने सरल और व्यावहारिक उदाहरणों के साथ जवाब दिया।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने अपने संदेश में कहा कि “डिजिटल युग में जागरूकता ही सबसे बड़ी सुरक्षा है। बच्चों, महिलाओं और युवाओं को साइबर अपराध, सोशल मीडिया के जोखिम और महिला सुरक्षा के अधिकारों की जानकारी होना बेहद जरूरी है। रायगढ़ पुलिस समाज के हर वर्ग को जागरूक और सुरक्षित बनाने के लिए ऐसे अभियान लगातार चलाती रहेगी।”
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