कोरबा।दशहरे का पर्व इस बार कोरबा जिले के लिए और भी खास होने वाला है। लाल मैदान (दर्री) में तैयार हुआ है 120 फीट ऊंचा रावण, जिसे देखने और जलते हुए अट्टहास का अनुभव करने के लिए हजारों की भीड़ जुटने वाली है। यह विशाल पुतला परंपरागत रूप से छत्तीसगढ़ स्टेट पाॅवर जनरेशन कंपनी,हसदेव ताप विद्युत गृह, कोरबा पश्चिम के कर्मचारियों द्वारा तैयार किया गया है।
करीब एक महीने की मेहनत के बाद इस अनोखी कलाकृति को आकार दिया गया है। इस रावण का कद 112 फीट और मुकुट मिलाकर कुल ऊंचाई 120 फीट है। कर्मचारियों की कोर टीम ने मिलजुलकर इसे तैयार किया है। दशहरा उत्सव समिति के मुताबिक, यह पुतला जलने से पहले अपने दस सिर घुमाएगा, लाल आंखें चमकाएगा, धुआं छोड़ेगा और जोरदार अट्टहास करेगा, जिसे देखकर मैदान में मौजूद हर दर्शक रोमांचित होगा।
लाल मैदान की यह परंपरा कोई नई नहीं है। बताया जाता है कि 80 के दशक से यहां पर लगातार विशाल रावण का दहन होता आया है, और आज भी कोरबा का यह उत्सव पूरे छत्तीसगढ़ में अलग पहचान रखता है। यही वजह है कि दशहरा के दिन जिले ही नहीं, बल्कि आसपास के क्षेत्रों से भी हजारों की संख्या में लोग इस दृश्य को देखने लाल मैदान पहुंचते हैं।
इस बार उत्सव में रावण दहन के साथ-साथ आसमानी आतिशबाजी और लेजर शो का भी शानदार आयोजन होगा। समिति ने बताया कि कार्यक्रम की शुरुआत गुरुवार रात 8 बजे से होगी, और लोगों को समय पर पहुंचकर उत्सव का आनंद लेने का आग्रह किया गया है।
लाल मैदान पर दहन होगा,120 फीट का ऊंचा रावण
कोरबा जिला का मशहूर लाल मैदान दर्री दशहरा उत्सव के लिए रावण का पुतला तैयार है। 112 फीट कद के साथ पुतले की कुल ऊंचाई 120 फीट की है। हसदेव ताप विद्युत संयंत्र कोरबा पश्चिम के मुख्य अभियंता पीके श्रीवास्तव ने कहा कि दशहरा उत्सव हम सबका सार्वजनिक कार्यक्रम है। आइए सभी मिलजुलकर दशहरा उत्सव का आनंद लें।
उन्होंने बताया कि दशहरा उत्सव समिति के मेहनतकश कर्मचारी एवं कारीगरों ने बुधवार दोपहर को ही रावण का पुतला लाल मैदान पर खड़ा कर लिया है। दशहरा के दिन गुरूवार को लाल मैदान पर दस सिरों वाला रावण सिर घुमाएगा, लाल-लाल आंखें दिखाएगा और अट्टहास करेगा। दशहरा उत्सव समिति के मुताबिक रात 8 से दशहरा उत्सव में आसमानी आतिशबाजी, लेजर शो भी आकर्षण का केंद्र होगा। इसके बाद रावण के पुतले का दहन किया जाएगा।
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