
जांजगीर-चांपा पुलिस की पहल से दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में सुरक्षा इंतजाम मजबूत, रात में वाहन चालकों को मिलेगी बेहतर मार्गदर्शिता


जांजगीर-चांपा,1 अगस्त 2026। जिले में सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और राहगीरों व वाहन चालकों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन एवं पुलिस विभाग ने सड़क सुरक्षा के मोर्चे पर महत्वपूर्ण पहल की है। दुर्घटना संभावित एवं चिन्हित ब्लैक स्पॉट क्षेत्रों में रोड मार्किंग के साथ रिफ्लेक्टिव कैट आई लगाए गए हैं, जिससे रात और कम दृश्यता की स्थिति में सड़क की दिशा स्पष्ट दिखाई दे सके।
जिला सड़क सुरक्षा समिति के अध्यक्ष एवं कलेक्टर जन्मेजय महोबे तथा समिति के सदस्य पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय के निर्देशन में यह अभियान संचालित किया गया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात उदयन बेहार के मार्गदर्शन में एनएच के सब इंजीनियर विजय साहू के नेतृत्व में दुर्घटना संभावित क्षेत्रों को चिन्हित कर आवश्यक सड़क सुरक्षा उपाय किए गए।
इन स्थानों पर किए गए सुरक्षा इंतजाम
जांजगीर क्षेत्र के पुटपुरा चौक, खोखरा चौक, सुकली एवं मुनूंद तथा चांपा क्षेत्र के हथनेवरा चौक में रोड मार्किंग और रिफ्लेक्टिव कैट आई लगाए गए हैं।
रात में सड़क की दिशा होगी स्पष्ट
कैट आई और रोड मार्किंग वाहन चालकों को विशेष रूप से रात के समय सड़क की दिशा और लेन की स्थिति समझने में मदद करेगी। बारिश, धुंध या कम रोशनी जैसी परिस्थितियों में भी रिफ्लेक्टिव कैट आई प्रकाश को परावर्तित कर सड़क की स्थिति स्पष्ट करने में सहायक होगी। इससे वाहन चालकों को समय रहते सड़क की दिशा का अनुमान लगाने और सावधानीपूर्वक वाहन चलाने में मदद मिलेगी।
इंजीनियरिंग सुधार के साथ जागरूकता पर भी जोर
पुलिस विभाग का उद्देश्य केवल दुर्घटनाओं के बाद कार्रवाई करना नहीं, बल्कि दुर्घटनाओं की संभावनाओं को पहले ही कम करना है। इसी दिशा में ब्लैक स्पॉट एवं दुर्घटना-प्रवण क्षेत्रों में इंजीनियरिंग सुधारों के साथ-साथ यातायात नियमों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान भी चलाए जा रहे हैं।
प्रशासन और पुलिस का मानना है कि सड़क सुरक्षा केवल विभागीय जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक वाहन चालक और नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। यातायात नियमों का पालन, नियंत्रित गति और सतर्क वाहन चालन ही सड़क हादसों को रोकने में सबसे प्रभावी भूमिका निभा सकता है।
अभियान के प्रमुख उद्देश्य
– दुर्घटना संभावित एवं ब्लैक स्पॉट क्षेत्रों में सड़क सुरक्षा को मजबूत करना।
– रात एवं कम दृश्यता की स्थिति में वाहन चालकों को स्पष्ट मार्गदर्शन उपलब्ध कराना।
– सड़क दुर्घटनाओं और जनहानि में कमी लाना।
– सुरक्षित, व्यवस्थित एवं जिम्मेदार यातायात व्यवस्था को बढ़ावा देना।
– सड़क सुरक्षा के प्रति आम नागरिकों में जागरूकता बढ़ाना।
सड़क पर सुरक्षा इंतजामों को मजबूत करने की यह पहल दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में हादसों की रोकथाम की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है।
![]() | ![]() | ![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |
![]() |









































