कोरबा। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) ने आर्थिक रूप से कमजोर परिवार के 16 वर्षीय नमन कुमार डहरिया के जीवन में नई उम्मीद जगाई है। ग्राम कर्रीनाला, बरबसपुर निवासी नमन को स्कूल में स्वास्थ्य परीक्षण के दौरान चिरायु टीम ने चिन्हांकित किया। जांच के बाद उसके हृदय रोग का पता चला और आवश्यक चिकित्सा प्रक्रिया पूरी कराई गई।
नमन के परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी। उसके पिता दरश राम डहरिया खेती और मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। नमन की माता का निधन हो चुका है, जिसके चलते पिता के सामने घर चलाने के साथ बेटे की देखभाल की भी जिम्मेदारी थी। आर्थिक तंगी के कारण नमन के हृदय रोग के ऑपरेशन के लिए आवश्यक राशि जुटाना परिवार के लिए संभव नहीं था।
चिरायु योजना के तहत नमन का हृदय का निःशुल्क ऑपरेशन कराया गया। उसका उपचार 14 से 16 फरवरी 2026 तक एमएमआई नारायणा अस्पताल, रायपुर में हुआ। इस उपचार पर 1 लाख 31 हजार रुपये की राशि का लाभ मिला। सर्जरी के बाद उसे आवश्यक दवाइयां भी उपलब्ध कराई गईं।
उपचार के बाद नमन पूरी तरह स्वस्थ होकर दोबारा स्कूल जाने लगा है और पढ़ाई के साथ अपने दोस्तों के साथ सामान्य रूप से खेलकूद भी कर रहा है। वहीं उसके पिता भी बेटे की चिंता से मुक्त होकर अपने कृषि कार्य पर ध्यान दे पा रहे हैं।
नमन के परिवार ने चिरायु टीम और स्वास्थ्य विभाग के प्रति आभार जताया है। परिवार के अनुसार, योजना के माध्यम से मिले निःशुल्क उपचार ने नमन को स्वस्थ जीवन की ओर लौटने का अवसर दिया है। जन्मजात हृदय रोग और आर्थिक कठिनाइयों से जूझ रहा परिवार अब राहत महसूस कर रहा है।





