
बाल विवाह के दुष्परिणामों से कराया गया जागरूक

बालिकाओं ने लिया रोकथाम का संकल्प
जशपुरनगर 24 जनवरी 2026/राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर एक्सेस टू जस्टिस फॉर चिल्ड्रन (समर्पित) जशपुर ब्लॉक की टीम द्वारा बालिकाओं को सशक्त और जागरूक बनाने की दिशा में सराहनीय पहल की गई। इस क्रम में टीम ने प्रयास रेसिडेंशियल स्कूल (बालिका छात्रावास) पहुंचकर अध्ययनरत बालिकाओं के साथ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया।
कार्यक्रम के दौरान बालिकाओं को बाल विवाह के दुष्परिणामों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। टीम के सदस्यों ने बताया कि कम उम्र में विवाह से बालिकाओं को गंभीर शारीरिक, मानसिक और सामाजिक समस्याओं का सामना करना पड़ता है, जिससे उनका भविष्य प्रभावित होता है। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि बाल विवाह कानूनन अपराध है और इसमें शामिल होने या इसे बढ़ावा देने पर सख्त कानूनी कार्रवाई का प्रावधान है।
जागरूकता सत्र के अंत में सभी बालिकाओं को यह शपथ दिलाई गई कि वे स्वयं बाल विवाह नहीं करेंगी और न ही अपने आसपास के गांवों या समुदाय में होने वाले बाल विवाह को होने देंगी। बालिकाओं ने पूरे उत्साह और आत्मविश्वास के साथ इस संकल्प को स्वीकार किया।
राष्ट्रीय बालिका दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम को उत्सवपूर्ण बनाने के लिए बालिकाओं के साथ संवाद, गतिविधियां तथा चॉकलेट (कैंडी) वितरण भी किया गया। कार्यक्रम के माध्यम से बालिकाओं में आत्मसम्मान, अधिकारों के प्रति जागरूकता और भविष्य को लेकर सकारात्मक सोच विकसित करने का प्रयास किया गया।
एक्सेस टू जस्टिस फॉर चिल्ड्रन (समर्पित) की यह पहल बालिकाओं के अधिकारों की रक्षा और बाल विवाह मुक्त समाज के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में सराही जा रही है।



