
13892 किशोरियों को एचपीपी वैक्सीन , 0 से 59 माह के 121246 बच्चों को विटामिन ए की खुराक तथा 6 से 59 माह के 128378 बच्चा को आईएफए सीरप दिए जाएंगे





कोरबा। दिनांक 16.03.2025 को रानी धनराज कुंवर देवी शहरी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र कोरबा में एचपीवी वैक्सीनेशन एवं शिशु संरक्षण माह का शुभारंभ महापौर संजू देवी राजपूत के द्वारा किया गया।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.एस.एन.केशरी, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ.कुमार पुष्पेश, खण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ.दीपक राज, जिला कार्यक्रम प्रबंधक पद्माकर शिंदे ,ज्योत्सना ग्वाल, शहरी कार्यक्रम प्रबंधक, समस्त अधिकारी /कर्मचारी गणमान्य नागरिक तथा अधिक संख्या में परिजन उपस्थित थे।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.एस.एन.केशरी ने एचपीवी वैक्सीनेशन तथा शिशु संरक्षण माह के बारे में बताया कि एचपीवी वैक्सीनेशन महिलाओं में होने वाले सर्वाइकल कैसर से बचाव के लिए प्रतिरोधक क्षमता विकसित करने के उद्देश्य से निर्धारित स्वास्थ्य केन्द्रों में निःशुल्क लगाया जावेगा।यह टीका विशेषकर किशोरियों के लिए प्रभावी माना जाता है । टीकाकरण के लिए वही किशोरियां पात्र होंगी जिन्होंने 14 वर्ष की आयु पूर्ण कर ली हो, लेकिन 15 वर्ष का जन्मदिन न मनाया हो। आयु प्रमाण पत्र के लिए आधारकार्ड या अन्य फोटो पहचान पत्र मान्य होगा। पहचान पत्र उपलब्ध नहीं होने की स्थिती में अभिभावक द्वारा हस्ताक्षतिर शपथपत्र भी मान्य किया जावेगा। टीकाकरण के पश्चात लाभार्थियों का पंजीयन यू-विन पोर्टल पर किया जावेगा और उन्हें डिजिटल प्रमाणपत्र प्रदान किया जावेगा। प्रत्येक लाभार्थी को टीकाकरण के पश्चात 30 मिनट तक निगरानी में रखा जावेगा। प्रत्येक सत्रों में चिकित्सक की उपस्थ्तिी सुनिश्चित की जावेगी।
शिशु संरक्षरण माह के संबंध में उन्होने बताया कि शिशु संरक्षण माह (विटामिन “ए“ अनुपूरण कार्यक्रम )17 मार्च से 21 अप्रेल 2026 तक आयोजित किया जायेगा। इस दौरान शिशु स्वास्थ्य संवर्धन से संबंधित राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की गतिविधियों सफल संचालन व सेवाओं की प्रदायगी का सुदृढ़िकरण किया जाएगा। प्रत्येक मंगलवार तथा शुक्रवार को समस्त शहरी तथा ग्रामीण क्षेत्रों के ऑंगबाड़ी केन्द्रो/टीकाकरण केन्द्रों में निर्धारित सत्रों में 9 माह से 59 माह तक के बच्चों को विटामिन “ए“ तथा 6 माह से 59 माह तक के बच्चों को आई.एफ.ए.सीरप पिलाया जायेगा। साथ ही टीकाकरण से छूटे हुए तथा नियमित टीकाकरण के लक्षित बच्चों को टीके, एनिमिया स्क्रीनिंग तथा स्तनपान संवर्धन संबंधित गतिविघियॉ किये जायेगें। बच्चों को विटामिन “ए“की दवा की नियमित खुराक प्रत्येक 6 माह में एक बार 5 वर्ष तक पिलाने से बच्चों में रतौंधी, श्वांस संक्रमण , बुखार तथा कुपोषण की संभावना कम हो जाती है साथ ही आई.एफ.ए.(आयरन फोलिक एसिड) सीरप खून की कमी को दूर करने में सहायक होता है।
महापौर संजू देवी राजपूत ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि एचपीवी वैक्सीनेशन बालिकाओं को सर्वाईकल कैंसर जैसी गंभीर बिमारी से बचाने में महत्वपूण भूमिका निभाता है तथा शिशु संरक्षण माह के महत्व पर प्रकाश डॉलते हुए कहा इस दौरान बच्चों के संपूर्ण टीकाकरण , विटामिन ए खुराक एवं आयरन फोलिक एसिड एवं पोषण संबंधी सेवाये सुनिश्चित किये जाने से बच्चों का सर्वार्गीण विकास संभव हो पाता है।
महापौर, कलेक्टर एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने जिले के नागरिको और जनप्रतिनिधियों से अपील किया है कि अपने क्षेत्र के पात्र किशोरियों का एचपीवी वैक्सीनेशन तथा 0 से 59 माह तक के बच्चो (बालक/बालिकाओं) को निर्धारित सत्रों में ऑगनबाड़ी केन्द्र/स्वास्थ्य केन्द्र ले जाकर आयु अनुसार विटामिन “ए“ तथा आई.एफ.ए. की दवा पिलावें तथा बच्चों ( छूटे हुए तथा नियमित) टीकाकरण करावें। साथ ही स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, ऑगनबाड़ी कार्यकर्ताओं तथा मितानिनों को निर्देषित किया है कि वे अपने कार्यक्षेत्र के पात्र किशोरियों का शतप्रतिशत एचपीवी टीकाकरण तथा लक्षित बच्चों को विटामिन ए, आयरन फोलिक एसिड की दवा तथा टीकाकरण कराना सुनिश्चित करें।



