
रायगढ़,23 अप्रैल 2026। पुलिस ने महिला संबंधी गंभीर अपराध में त्वरित कार्रवाई करते हुए शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने वाले आरोपी युवक को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। यह कार्रवाई महिला थाना टीम द्वारा पीड़िता की शिकायत पर की गई।
मामला क्या है?
पीड़िता ने 21 अप्रैल को महिला थाना में शिकायत दर्ज कराई कि बादल सारथी (20 वर्ष), निवासी रायगढ़ ने उसे शादी का प्रलोभन देकर करीब तीन माह तक अपने घर में पत्नी की तरह रखा और इस दौरान लगातार शारीरिक शोषण किया।
पीड़िता के अनुसार, जब भी उसने शादी के लिए दबाव बनाया, आरोपी टालमटोल करता रहा और मारपीट कर उसे घर से निकाल दिया।
दिल्ली से रायगढ़ तक शोषण का सिलसिला
अप्रैल 2025 में पीड़िता काम के सिलसिले में दिल्ली गई थी।रायगढ़ लौटने पर उसकी आरोपी से पहचान हुई।जनवरी 2026 में पीड़िता दोबारा दिल्ली गई, जहां आरोपी भी उसके पास पहुंचा और लगभग एक माह तक साथ रहा।गर्भवती होने की जानकारी देने पर आरोपी ने शादी का झूठा वादा किया, लेकिन 24 मार्च को अचानक दिल्ली से रायगढ़ लौट गया।
शादी से इंकार, घर में घुसने नहीं दिया
2 अप्रैल 2026 को पीड़िता जब रायगढ़ लौटी और आरोपी के घर पहुंची, तो उसने उसे घर में घुसने नहीं दिया और शादी से साफ इंकार कर दिया।
पुलिस की कार्रवाई
इस मामले में महिला थाना में अपराध क्रमांक 33/2026 के तहत धारा 69 बीएनएस में केस दर्ज किया गया।एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में थाना प्रभारी एसआई कुसुम कैवर्त की टीम ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसने अपराध स्वीकार किया।
आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
टीम की भूमिका
इस कार्रवाई में एसआई कुसुम कैवर्त, एएसआई सरस्वती महापात्रे, एएसआई विल्फ्रेड मसीह, हेड कांस्टेबल संदीप भगत, राजेश उरांव सहित महिला थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
एसएसपी का सख्त संदेश
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा : महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। ऐसे मामलों में तुरंत पुलिस को सूचना दें, ताकि समय पर कार्रवाई हो सके।
निष्कर्ष
यह मामला दर्शाता है कि पुलिस महिला संबंधी अपराधों को लेकर गंभीर है और शिकायत मिलते ही त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित कर रही है। साथ ही, यह समाज के लिए भी एक संदेश है कि ऐसे अपराधों के खिलाफ आवाज उठाना जरूरी है।



